मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री रामचन्द्र जी की पावन स्तुतियां, अष्टक एवं रामरक्षा स्तोत्र।
रघुकुल तिलक श्री राम मर्यादा, सत्य और धर्म के साक्षात् विग्रह हैं। उनके नाम और स्तुतियों का पाठ समस्त आपदाओं से रक्षा कर जीवन में धर्म और मर्यादा की प्रतिष्ठा करता है।